नई दिल्ली। गाजर को सलाद के रूप में ज्यादातर डाइट में शामिल किया जाता है। वहीं, कुछ लोग इसे हलवा जैसी डिशेज को तैयार करने में इसका इस्तेमाल करते हैं। इसमें कोई दोराय नहीं कि गाजर सेहत के लिए बेहद फायदेमंद होता है। इसमें मौजूद बीटा-कैरोटीन शरीर में जाकर विटामिन A में बदल जाता है, जो आंखों की रोशनी, इम्यूनिटी, त्वचा और शरीर के विकास के लिए जरूरी है। ऐसे में गाजर खाना जरूरी है लेकिन सही तरीके से। ज्यादातर लोग गाजर को कच्चा खा लेते हैं, लेकिन न्यूट्रिशन एक्सपर्ट्स बताते हैं कि इससे विटामिन ए शरीर को पूरी तरह से नहीं मिल पाता है।
आगरा स्थित यथार्थ सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल की डाइटिशियन रिंकल शर्मा, M.Sc (फूड एंड न्यूट्रिशन) के मुताबिक, गाजर को हल्का पकाकर और ऑलिव ऑयल, कैनोला ऑयल या किसी हेल्दी तेल के साथ खाने से शरीर बीटा-कैरोटीन को अधिक आसानी से इस्तेमाल कर पाता है। इससे गाजर के पोषक तत्वों का फायदा बढ़ जाता है। इसलिए सिर्फ गाजर खाना ही नहीं, बल्कि उसे किस तरह तैयार किया जाता है, यह भी मायने रखता है। आइए जानते हैं कि गाजर खाने का सबसे अच्छा तरीका क्या है।
गाजर को पकाकर खाना क्यों फायदेमंद है?
एक्सपर्ट बताती हैं कि कच्ची गाजर भी पौष्टिक होती है, लेकिन पकाने से उसकी कोशिकाओं की कठोर संरचना नरम हो जाती है। इससे बीटा-कैरोटीन शरीर के लिए अधिक उपलब्ध हो जाता है और उसका अवशोषण बेहतर तरीके से होता है। कुछ स्टडी में पाया गया है कि गाजर को स्टीम करने पर बीटा-कैरोटीन बढ़ सकती है, जबकि बेक या रोस्ट करने पर ये और ज्यादा बढ़ जाती है। इसलिए अगर ज्यादा विटामिन A प्राप्त करना है, तो हल्की पकी हुई गाजर बेहतर विकल्प हो सकती है।
हेल्दी फैट के साथ खाने से बढ़ता है फायदा
विटामिन A एक फैट-सॉल्युबल विटामिन है। इसलिए गाजर के साथ थोड़ी मात्रा में हेल्दी फैट लेने से शरीर बीटा-कैरोटीन को बेहतर तरीके से अवशोषित कर पाता है। आप गाजर को ऑलिव ऑयल में रोस्ट कर सकते हैं, हल्का सा सॉटे कर सकते हैं या सलाद में हेल्दी ड्रेसिंग के साथ खा सकते हैं।
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