खबर वर्ल्ड न्यूज-रायपुर। छत्तीसगढ़ में जनता से सीधे संवाद और समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए शुरू किए गए “सुशासन तिहार 2025” के तीसरे चरण की आज भव्य शुरुआत हुई। इस अभियान के तहत मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने अचानक सक्ति जिले के बंदोरा गांव में पहुंचकर ग्रामीणों के बीच चौपाल लगाई। मुख्यमंत्री का हेलीकॉप्टर गांव के पास एक खुले मैदान में उतरा, जिसके बाद ग्रामीणों में उत्साह का माहौल छा गया।
स्वागत में उमड़ी भीड़, तिलक-आरती से हुआ अभिनंदन
मुख्यमंत्री के गांव में आगमन पर करीब 700 से अधिक ग्रामीणों, महिलाओं और युवाओं ने उनका पारंपरिक तरीके से स्वागत किया। करिगांव की महिलाओं ने तिलक और आरती कर मुख्यमंत्री का अभिनंदन किया, वहीं बच्चों ने कमल के फूल भेंट कर उत्साह दिखाया।
पीपल के पेड़ के नीचे लगी चौपाल
मुख्यमंत्री साय ने करीब 12 बजे दिन पीपल के विशाल वृक्ष के नीचे खाट पर बैठकर ग्रामीणों के साथ सीधा संवाद शुरू किया। इस चौपाल में लगभग 300 ग्रामीणों ने अपनी समस्याओं, सुझावों और शिकायतों को सीधे मुख्यमंत्री के समक्ष रखा।
मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से निम्न विषयों पर ग्रामीणों से फीडबैक लिया:
-
पीएम आवास योजना (Pradhan Mantri Awas Yojana)
-
स्वास्थ्य सेवाएं और आयुष्मान भारत योजना
-
नल-जल योजना के तहत पेयजल आपूर्ति
-
स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों की स्थिति
-
मनरेगा के तहत रोजगार गारंटी
लाभार्थी के घर जाकर किया निरीक्षण
ग्रामीण फीडबैक के बाद मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने करिगांव निवासी सोनाई बाई के पीएम आवास योजना के अंतर्गत बने मकान का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान:
-
निर्माण गुणवत्ता की समीक्षा की गई।
-
घर निर्माण में हुए खर्च और सरकारी अनुदान की जानकारी ली गई।
-
लाभार्थी सोनाई बाई से योजना के लाभ और प्रक्रिया में आने वाली समस्याओं के बारे में पूछा गया।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जिन लाभार्थियों को अब तक मकान नहीं मिला है, उनकी तुरंत पहचान कर समाधान किया जाए।
हेलीकॉप्टर में तकनीकी खराबी, फिर भी नहीं रुका दौरा
सुशासन तिहार के पहले दिन मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को रायपुर पुलिस परेड ग्राउंड से हेलीकॉप्टर के जरिए रवाना होना था। लेकिन उड़ान से ठीक पहले हेलीकॉप्टर में तकनीकी खराबी आ गई। तकरीबन 40 मिनट के इंतजार के बाद वैकल्पिक हेलीकॉप्टर मंगवाया गया। इसके बावजूद मुख्यमंत्री ने दौरा रद्द नहीं किया और तय कार्यक्रम के अनुसार सक्ती जिले के लिए रवाना हुए।
सुशासन तिहार 2025 की मुख्य बातें:
-
अभियान अवधि: 5 मई 2025 से 31 मई 2025 तक
-
उद्देश्य: ग्रामीणों से सीधा संवाद कर योजनाओं की जमीनी हकीकत जानना और त्वरित समाधान करना
-
स्वरूप: आकस्मिक दौरे, पूर्व सूचना के बिना
-
अनुमानित दौरे: 50 से अधिक गांवों और कस्बों में मुख्यमंत्री के सीधे दौरे प्रस्तावित
-
समाधान शिविर: प्रत्येक जिले में कम से कम 5 समाधान शिविर आयोजित किए जाएंगे
मुख्यमंत्री कार्यालय से मिली जानकारी के मुताबिक, इस विशेष अभियान के दौरान सभी जिलों में फीडबैक फॉर्म भी भरवाए जाएंगे, जिनके विश्लेषण के आधार पर आगामी सरकारी नीतियों में बदलाव प्रस्तावित हैं।

