KWNS- प्रिया पाठक, रायपुर। छत्तीसगढ़ में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया को लेकर सियासत गर्मा गई है। पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष और पूर्व विधायक धनेन्द्र साहू ने निर्वाचन आयोग और भाजपा पर गंभीर आरोप लगाते हुए इसे एक बड़ी साजिश करार दिया है। कांग्रेस भवन में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान कई बुजुर्ग और ग्रामीण गले में मैं अभी जीवित हूं की तख्ती लटकाकर पहुंचे, जिनके नाम मतदाता सूची में मृत बताकर काट दिए गए हैं।
धनेन्द्र साहू ने आरोप लगाया कि अभनपुर विधानसभा क्षेत्र में फॉर्म-7 के जरिए लगभग 21 हजार मतदाताओं के नाम सूची से हटा दिए गए हैं। उन्होंने दावा किया कि भाजपा अपना जनाधार खोने के डर से विपक्षी वोटरों के नाम कटवा रही है। जब कांग्रेस ने निर्वाचन अधिकारी से इन फॉर्म्स की जानकारी मांगी, तो उन्हें आपत्तियां दिखाने से इनकार कर दिया गया।
पूर्व विधायक ने सनसनीखेज आरोप लगाते हुए कहा कि मतदाता सूची से हटाए गए नामों में 70 प्रतिशत नाम मुस्लिम समुदाय के हैं। उन्होंने बताया कि कांग्रेस ने जब 914 नामों की जांच की, तो वे सभी व्यक्ति अपने गांव और वार्ड में जीवित पाए गए। धनेन्द्र साहू के अनुसार, BLO पर भाजपा नेताओं का भारी दबाव है और BLA से जबरन हस्ताक्षकर करवाकर नाम विलोपित करने की शिकायतें की जा रही हैं।


