खबर वर्ल्ड न्यूज-राकेश पांडेय-जगदलपुर। बस्तर ओलंपिक के सीनियर बालिका वर्ग की खो-खो प्रतियोगिता में इस बार खिलाड़ियों ने अपने शानदार प्रदर्शन से दर्शकों का मन मोह लिया। कांकेर और सुकमा के बीच हुआ फाइनल मुकाबला बेहद रोमांचक रहा, जहाँ दोनों ही टीमों ने बेहतरीन फुर्ती, कसी हुई रणनीति और अद्भुत टीमवर्क का परिचय दिया। इस कड़े संघर्ष के बाद कांकेर की टीम ने प्रथम स्थान पर कब्ज़ा जमाया और खिताब अपने नाम किया। वहीं सुकमा की बालिकाओं ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया, जबकि नारायणपुर की टीम तृतीय स्थान पर रही।
प्रतियोगिता में विशेष रूप से सुकमा की खिलाड़ियों के प्रदर्शन ने सभी का ध्यान खींचा । ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाली इन बच्चियों ने अपने समर्पण और मेहनत से यह साबित किया कि प्रतिभा किसी सीमा की मोहताज नहीं होती। एकलव्य छिंदगढ़ से सुकमा आई मंजू पोड़ियामी और पम्मी नाग ने खेल के बाद कहा कि उन्होंने पूरी मेहनत और लगन से खेला है, और भले ही इस बार वे दूसरे स्थान पर रहे, लेकिन अगली बार वे पूरे संभाग में प्रथम आने का संकल्प लेकर वापस लौटेंगे। उन्होंने बस्तर ओलंपिक को एक बड़ा मंच बताया, जिसका वे पूरा लाभ उठाना चाहती हैं।
मैच के दौरान खिलाड़ियों की उत्कृष्ट फिटनेस, तेज गति और चतुराई भरी चालें देखने लायक थीं। प्रशासन द्वारा उपलब्ध कराई गई बेहतर सुविधाओं के कारण खिलाड़ियों का आत्मविश्वास भी बढ़ा है, जिसके फलस्वरूप वे मैदान में नई ऊर्जा और उत्साह के साथ उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रही हैं। यह प्रतियोगिता खेल कौशल का प्रदर्शन करने के साथ ही इस बात को भी मजबूती से साबित करती है कि बस्तर क्षेत्र की बेटियां अब बड़े मंच पर अपने प्रदर्शन का परचम लहराने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं।
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