खबर वर्ल्ड न्यूज-रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है। राज्य की नौ (9) क्षेत्रीय राजनीतिक पार्टियों की मान्यता अब ख़तरे में है। इन दलों पर वित्तीय अनियमितताओं और चुनावी खर्च का ब्यौरा समय पर जमा न करने का गंभीर आरोप है। राज्य निर्वाचन आयोग में इन मामलों की सुनवाई पूरी होने के बाद, अब अंतिम निर्णय के लिए यह मामला केंद्रीय निर्वाचन आयोग (Election Commission of India – ECI) को भेज दिया गया है। केंद्रीय आयोग अगले एक महीने के भीतर यह तय करेगा कि इन दलों का पंजीकरण (रजिस्ट्रेशन) बरकरार रखा जाए या उन्हें पंजीकृत दलों की सूची से हटा दिया जाए।
खतरे में इन 9 पार्टियों की मान्यता
जिन क्षेत्रीय राजनीतिक दलों की मान्यता रद्द होने की तलवार लटक रही है, उनकी सूची इस प्रकार है:
- भारत भूमि पार्टी
- भारतीय जनता सेक्युलर पार्टी
- भ्रष्टाचार मुक्ति मोर्चा
- छत्तीसगढ़ स्वाभिमान मंच
- छत्तीसगढ़ विकास गंगा राष्ट्रीय पार्टी
- छत्तीसगढ़ समाज पार्टी
- छत्तीसगढ़िया पार्टी
- पिछड़ा समाज पार्टी यूनाइटेड
- राष्ट्रीय गोंडवाना पार्टी
वित्तीय अनियमितता और खर्च रिपोर्ट में चूक मुख्य कारण
निर्वाचन आयोग की कार्रवाई का मुख्य आधार इन दलों द्वारा निर्धारित नियमों का पालन न करना है। इन पार्टियों पर मुख्य रूप से दो बड़े आरोप हैं:


